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Photo Gallery: साईंस कालेज दुर्ग में एन.एस.एस. के कैम्प में अनेक रचनात्मक गतिविधियां आयोजित

 

साईंस कालेज दुर्ग में एन.एस.एस. के कैम्प में अनेक रचनात्मक गतिविधियां आयोजित


Venue : Govt. V.Y.T. PG Autonomous College, Durg
Date : 15/01/2018
 

Story Details

शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय, दुर्ग के छात्र एवं छात्रा एन.एस.एस. इकाई के लगभग 100 से अधिक स्वयं सेवकों का वार्षिक शिविर समीपस्थ ग्राम समोदा में आयोजित किया गया। महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य डाॅ. एम. ए. सिध्द्दीकी एवं एन.एस.एस. अधिकारी डाॅ. ए.के. पाण्डेय द्वारा दी गयी जानकारी के अनुसार शिविर के दौरान प्रथम चरण में स्वयं सेवकों हेतु ध्यान केन्द्रित करने तथा प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता अर्जित करने हेतु महत्वपूर्ण टिप्स भूगर्भशास्त्र के प्राध्यापक डाॅ. श्रीनिवास देशमुख एवं भूगर्भशास्त्र के भूतपूर्व छात्र मनदीप सिंह ने दिए। द्वितीय चरण में ग्राम समोदा में भारत सरकार के स्वच्छता अभियान के परिपालन में एन.एस.एस. के छात्र-छात्राओं ने समूचे समोदा ग्राम में साफ-सफाई अभियान चलाकर ग्रामवासियों को स्वच्छता एवं विभिन्न बिमारियों से बचने हेतु महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। समोदा के सरपंच श्री संजय देशमुख के सहयोग से पंचायत भवन में आयोजित इस एन.एस.एस शिविर में आयोजित बौध्दिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समोदा ग्राम के निवासियों ने हिस्सा लिया। 
तृतीय चरण में रविवार 14 जनवरी को शिविर के दौरान सामान्य ज्ञान स्पर्धा एवं प्रश्नोत्तरी का रोचक आयोजन किया गया। इसका संचालन साइंस कालेज दुर्ग के डाॅ. प्रशांत श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के कन्या इकाई की प्रभारी डाॅ. मीना मान, भौतिक शास्त्र के डाॅ. अभिषेक मिश्रा एवं डाॅ. देव प्रकाश दुबे एवं श्री रोशन देशमुख भी उपस्थित थे। सामान्य ज्ञान स्पर्धा के पश्चात् व्यक्तित्व विकास पर व्याख्यान देते हुए डाॅ. प्रशांत श्रीवास्तव ने विद्यार्थियों को आत्मविश्वास से पूर्ण रहकर ईमानदारी से कार्य पूर्ण करने की सलाह दी। डाॅ. श्रीवास्तव ने देश-विदेश में अपने भ्रमण के दौरान हुए अनुभवों का उदाहरण देते हुए विद्यार्थियों को संबोधित किया। डाॅ. श्रीवास्तव के व्याख्यान के दौरान कैम्प के स्वयं सेवकों ने अनेक प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासा को शांत किया। एन.एस.एस. कैम्प की महत्ता एवं स्वयं सेवकों के योगदान विषय पर डीएवी पब्लिक स्कूल, हुडको, भिलाई के छात्र अनमोल श्रीवास्तव ने भी अपने विचार रखें। भौतिक शास्त्र के डाॅ. अभिषेक मिश्रा ने भी उपस्थित एन.एस.एस. स्वयं सेवकों को संबोधित किया।
चतुर्थ चरण में महाविद्यालय अर्थशास्त्र के प्राध्यापक डाॅ. के. पद्मावती एवं इतिहास विषय की डाॅ. ज्योति धारकर ने शिविर में अपने भ्रमण के दौरान स्वयं सेवकों से स्वावलम्बी बनकर देश सेवा का आग्रह किया। डाॅ. पद्मावती ने शिविर की विभिन्न गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए भविष्य में भी इसे जीवन में अंगीकृत करने का आव्हान किया। डाॅ. ज्योति धारकर ने कैम्प के दौरान छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं कैम्प स्थल के रख-रखाव की प्रशंसा करते हुए महाविद्यालय परिसर को भी इसी प्रकार स्वच्छ रखने की सलाह दी। एन.एस.एस. अधिकारी डाॅ. ए.के. पाण्डेय एवं डाॅ. मीना मान ने जानकारी दी कि 10 दिवसीय शिविर के दौरान स्वयं सेवकों ने समाज एवं पर्यावरण से जुड़े अनेक मुद्दों पर रचनात्मक गतिविधियों में हिस्सा लिया। प्रतिदिन दोपहर 2.00 ये 5.00 बजे तक आयोजित होने वाली बौध्दिक चर्चा में आमंत्रित विषय-विशेषज्ञों के व्याख्यान आयोजित किए गए, वहीं प्रातःकालीन सत्र मंें विद्यार्थियों के स्वास्थ्य परीक्षण तथा गायों में किए जाने वाले कृत्रिम गर्भाधान प्रणाली से भी स्वयं सेवकों को पशु चिकित्सकों ने अवगत कराया। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा आयोजित 12 से 14 जनवरी तक लोक सुराज अभियान की गतिविधियों में भी समोदा ग्राम में एन.एस.एस. के स्वयं सेवकों ने सक्रिय भागीदारी दी। 
महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य डाॅ. एम.ए. सिद्दीकी ने एन.एस.एस. शिविर के सफल आयोजन एवं आयोजित रचनात्मक गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार के शिविर विद्यार्थियों में आत्म विश्वास बढ़ाने एवं ऊर्जा का नया संचार करने में सहायक सिध्द होते है। राष्ट्रीय साम्प्रदायिक एकता एवं सौहार्द्र पूर्ण वातावरण में रहने से छात्र-छात्राओं के मन में एक-दूसरे के प्रति सद्भावना उत्पन्न होती है, जो उनके व्यक्तित्व विकास में सहायक होती है। रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने छत्तीसगढ़ की संस्कृति पर आधारित एकल एवं समूह गान तथा नृत्य प्रस्तुत किए। ग्रामीण जनों ने विद्यार्थियों की सांस्कृतिक प्रस्तुति का भरपूर आनंद लिया। सरपंच संजय देशमुख ने साइंस कालेज, दुर्ग के विद्यार्थियों द्वारा शिविर के दौरान आयोजित गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि भविष्य में भी उनका ग्राम इस प्रकार के रचनात्मक एन.एस.एस. शिविर के आयोजन हेतु हर संभव सहायता प्रदान करेगा।